CG Suspend News: बिलासपुर। छत्तीसगढ़ शासन के उच्च शिक्षा विभाग ने अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय, बिलासपुर के तत्कालीन कुलसचिव शैलेंद्र दुबे को निलंबित कर दिया है। जेम (GeM) पोर्टल के माध्यम से की गई खरीद में आर्थिक अनियमितता के प्रथम दृष्टया आरोपों के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। जारी आदेश में उल्लेख है कि विश्वविद्यालय मद की आबंटित राशि के उपयोग में गड़बड़ी और जेम पोर्टल से सामग्री क्रय में नियमों का पालन नहीं किया गया। यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम 3 के विपरीत पाया गया है।
नियमों के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबन
राज्य शासन ने छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के नियम 9 (1)(क) के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबन आदेश जारी किया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय क्षेत्रीय अपर संचालक कार्यालय, उच्च शिक्षा विभाग, बिलासपुर संभाग निर्धारित किया गया है। इस अवधि में उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता प्रदान किया जाएगा। विभागीय जांच की प्रक्रिया अलग से संचालित की जाएगी।
प्रशासनिक और वित्तीय अनियमितता के आरोप
विश्वविद्यालय में प्रशासनिक, शैक्षणिक और वित्तीय कार्यों में गड़बड़ी के आरोप पहले भी सामने आ चुके थे। छात्रों ने आरोप लगाया था कि विश्वविद्यालय प्रशासन में नियुक्तियों और क्रय प्रक्रियाओं में पारदर्शिता का अभाव है। एक प्रमुख विवाद कुलपति के निजी सहायक की नियुक्ति को लेकर भी रहा, जिसके प्रमाणपत्रों पर सवाल उठाए गए थे।
जेम पोर्टल खरीदी में गंभीर आरोप
शिकायतों के अनुसार, 15 अप्रैल 2025 को जेम पोर्टल के माध्यम से लगभग एक करोड़ रुपये से अधिक की सामग्री बिना पारंपरिक निविदा प्रक्रिया के L1 पद्धति से खरीदी गई। आरोप है कि एक ही दिन में 26 क्रय आदेश तीन अलग-अलग फर्मों — सागर इंडस्ट्रीज, सिंघानिया ग्रुप ऑफ इंडस्ट्रीज और ओशन एंटरप्राइज को जारी किए गए। आरोप यह भी है कि ये फर्में एक ही स्वामित्व से जुड़ी हो सकती हैं। इसी प्रकार 19 और 28 अप्रैल 2025 को भी उन्हीं फर्मों को अतिरिक्त आदेश दिए गए। सरकार जेम पोर्टल से जुड़ी खरीद प्रक्रियाओं में पारदर्शिता को लेकर सख्त रुख अपना चुकी है।








