धान खरीदी में अनियमितता बरतने के आरोप में समिति प्रबंधक पर एफआईआर

Share on

महासमुंद। जिले में धान खरीदी व्यवस्था में गंभीर अनियमितताओं को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। कलेक्टर विनय लंगेह द्वारा प्राथमिक कृषि एवं साख सहकारी समिति घोंच, विकासखंड पिथौरा के औचक निरीक्षण के दौरान कई गंभीर गड़बड़ियां सामने आने के बाद समिति प्रबंधक को तत्काल निलंबित कर एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं। निरीक्षण में पुराने रबी फसल के धान को खपाने, गुणवत्ता विहीन धान की खरीदी करने और तौल प्रक्रिया में गड़बड़ी के तथ्य उजागर हुए, जिन्हें कलेक्टर ने अत्यंत गंभीर माना है।

कलेक्टर विनय लंगेह ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि धान खरीदी व्यवस्था शासन की प्राथमिकता में शामिल है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही, भ्रष्टाचार या नियमों की अनदेखी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की अनियमितताओं पर पूरी तरह अंकुश लगाया जा सके। निरीक्षण के दौरान एसडीएम पिथौरा बजरंग वर्मा, खाद्य अधिकारी अजय यादव और जिला विपणन अधिकारी आशुतोष कोसरिया भी मौजूद रहे। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को धान खरीदी केंद्रों की नियमित निगरानी करने और शासन के निर्देशों का कड़ाई से पालन कराने के निर्देश दिए।

Also Read – ज्यूडिशियल अफसरों के तबादले: हाई कोर्ट ने जारी किया तबादला आदेश

इसी क्रम में कलेक्टर खाद्य शाखा के प्रतिवेदन के आधार पर छत्तीसगढ़ राज्य कृषि विपणन (मंडी) बोर्ड ने भी बड़ी कार्रवाई करते हुए बागबाहरा कृषि उपज मंडी समिति के सचिव कुशल राम ध्रुव को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। मंडी बोर्ड द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि सचिव द्वारा कर्तव्य में घोर लापरवाही और उदासीनता बरती गई, जो प्रथम दृष्टया गंभीर सेवा दोष की श्रेणी में आता है।

आदेश के अनुसार विपणन वर्ष 2025–26 के दौरान 28 दिसंबर 2025 को ग्राम टेमरी निवासी कृषक राधेश्याम साहू के घर के पास ओडिशा राज्य से अवैध रूप से धान ट्रक में लाकर खाली किया जा रहा था। इस दौरान तीन ट्रैक्टर में धान पलटा गया। इस पूरे मामले में अनुविभागीय अधिकारी राजस्व बागबाहरा द्वारा दिए गए निर्देशों के बावजूद मंडी प्रशासन ने नियमानुसार आवश्यक पंचनामा, जप्ती एवं अन्य वैधानिक कार्रवाई नहीं की और न ही धान को मंडी के सुपुर्द किया गया, जिससे प्रशासनिक लापरवाही स्पष्ट रूप से सामने आई।

Also Read – FIR रद्द करने दायर की थी याचिका, हाई कोर्ट ने किया खारिज

मंडी बोर्ड ने कलेक्टर खाद्य शाखा की रिपोर्ट के आधार पर कुशल राम ध्रुव को प्रथम दृष्टया दोषी मानते हुए निलंबन की कार्रवाई की है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय छत्तीसगढ़ राज्य कृषि विपणन मंडी बोर्ड, संभागीय कार्यालय रायपुर निर्धारित किया गया है। इस अवधि में वे नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते के पात्र होंगे। आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि निलंबन अवधि के दौरान मंडी सचिव के पद का प्रभार मंडी निरीक्षक दिनेश कुमार साहू को सौंपा गया है, जो आगामी आदेश तक कृषि उपज मंडी समिति बागबाहरा के सचिव के रूप में कार्य करेंगे।


Share on
Also Read
Loading latest news...
```

About Civil India News

© 2026 Civil India. All Rights Reserved. Unauthorized copying or reproduction is strictly prohibited
error: Content is protected by civil India news, Civil India has all rights to take legal actions !!