बस्तर संभाग के शिक्षकों को हेड मास्टर पद पर पदोन्नति मिलेगी
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रायपुर। दुर्ग संभाग के बाद अब बस्तर संभाग के शिक्षकों के लिए भी पदोन्नति का रास्ता साफ हो गया है। छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग में कार्यरत टी और ई संवर्ग के शिक्षकों को प्रधान पाठक (हेड मास्टर) के पद पर पदोन्नति देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। संयुक्त संचालक शिक्षा, बस्तर संभाग ने इस संबंध में विस्तृत आदेश जारी करते हुए पूरी पदोन्नति प्रक्रिया का कैलेंडर भी घोषित कर दिया है। लंबे समय से प्रतीक्षा कर रहे शिक्षकों के लिए यह आदेश बड़ी राहत माना जा रहा है।

संयुक्त संचालक शिक्षा बस्तर संभाग द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि बस्तर संभाग अंतर्गत कार्यरत शिक्षक और प्रधान पाठक प्राथमिक शाला (स्नातक, प्रशिक्षित) जो टी एवं ई संवर्ग में नियमित अथवा एलबी श्रेणी के अंतर्गत कार्यरत हैं, उन्हें प्रधान पाठक, पूर्व माध्यमिक शाला के पद पर पदोन्नत किया जाएगा। इसके लिए विभागीय नियमों के तहत चरणबद्ध प्रक्रिया अपनाई जाएगी, जिसकी समय-सीमा पहले से निर्धारित कर दी गई है, ताकि पदोन्नति प्रक्रिया में किसी प्रकार की देरी न हो।

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जारी कैलेंडर के अनुसार 1 अप्रैल 2024 की स्थिति में पात्र शिक्षकों की अंतिम वरिष्ठता सूची का प्रकाशन 31 जनवरी 2026 को किया जाएगा। इसके बाद 4 फरवरी 2026 को पदोन्नति के लिए पात्र शिक्षकों की सूची जारी की जाएगी। इसके साथ ही 13 फरवरी 2026 तक शिक्षकों की गोपनीय चरित्रावली, चल-अचल संपत्ति का विवरण और आवश्यक मतांकन की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। विभागीय पदोन्नति समिति की बैठक से संबंधित सूचना 16 फरवरी 2026 को जारी होगी, जबकि समिति की बैठक 20 फरवरी 2026 को आयोजित की जाएगी। पदोन्नति समिति की अनुशंसा के बाद 23 फरवरी 2026 को पदोन्नति आदेश जारी किए जाएंगे। इसके पश्चात चयनित शिक्षकों के लिए 2 मार्च से 5 मार्च 2026 तक काउंसलिंग प्रक्रिया आयोजित की जाएगी, जिसमें पदस्थापना से संबंधित विकल्प लिए जाएंगे। अंततः 6 मार्च 2026 को पदस्थापना आदेश जारी किए जाएंगे। इस तरह, विभाग ने पूरी प्रक्रिया को समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पूरा करने की रूपरेखा तैयार की है।

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इस पदोन्नति प्रक्रिया को लेकर शिक्षक संगठनों की ओर से लंबे समय से दबाव बनाया जा रहा था। छत्तीसगढ़ सहायक शिक्षक एवं समग्र शिक्षक फेडरेशन ने बस्तर संभाग में पदोन्नति प्रक्रिया में हो रही देरी को लेकर कई बार आपत्ति दर्ज कराई थी। फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष रविंद्र राठौर ने संयुक्त संचालक शिक्षा बस्तर संभाग को पत्र लिखकर प्रधान पाठक, शिक्षक और व्यायाम शिक्षक के पदों पर शीघ्र पदोन्नति की मांग की थी। इसके साथ ही प्राथमिक स्तर के प्रधान अध्यापकों के पद पर भी पदोन्नति देने की मांग उठाई गई थी। फेडरेशन का कहना था कि छत्तीसगढ़ पदोन्नति एवं भर्ती नियम 2019 के तहत 5 वर्ष की सेवा पूर्ण करने वाले सहायक शिक्षकों की वरिष्ठता सूची प्रकाशित कर रिक्त पदों पर पदोन्नति दी जानी चाहिए थी, लेकिन नारायणपुर जिले को छोड़कर बस्तर संभाग के अन्य जिलों में यह प्रक्रिया लंबे समय तक बाधित रही। इससे शिक्षकों में भारी असंतोष और आक्रोश व्याप्त था। इसी मुद्दे को लेकर फेडरेशन के बैनर तले प्रदेशभर में धरना-प्रदर्शन भी किए गए थे।


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