CG NEWS: रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में स्थित प्रसिद्ध पुरातात्विक धरोहर सिंघनपुर गुफा में शोध कार्य के सिलसिले में विभिन्न विश्वविद्यालयों के वैज्ञानिक और शोधकर्ता पहुंचे थे। तभी अचानक मधुमक्खियों के एक विशाल झुंड ने उन पर धावा बोल दिया। इस हमले में सभी लोग गंभीर रूप से जख्मी हो गए। डायल 108 और वन विभाग के कर्मचारियों की सक्रियता से घायलों को समय पर अस्पताल पहुंचाकर भर्ती कराया गया।
रायगढ़ जिला मुख्यालय से करीब 18 किलोमीटर की दूरी पर बसी सिंघनपुर गुफा में वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं का आना-जाना लगा रहता है। शनिवार के दिन रायपुर की अलग-अलग यूनिवर्सिटी से पांच सदस्यों की एक टीम यहां अध्ययन के उद्देश्य से आई थी। इस दल में एक वैज्ञानिक और चार शोधकर्ता मौजूद थे। वन विभाग के अमले के साथ मिलकर यह टीम सिंघनपुर की पहाड़ियों पर चढ़कर शैल चित्रों का अवलोकन कर रही थी। तभी अचानक मधुमक्खियों के एक बड़े दल ने उन पर आक्रमण कर दिया। हमले के बाद वहां भगदड़ जैसे हालात बन गए और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर दौड़ने लगे।
अस्पताल में घायलों का उपचार जारी, जानिए किनके नाम हैं शामिल
मधुमक्खियों के इस हमले में वैज्ञानिक समृद्धि (69), ब्रम्हानंद धृतलहरे (27), भाग्यश्री (30), सुमन (35), निहारिका (36) तथा वन विभाग के रामझरना प्रभारी गितेश्वर पटेल एवं चौकीदार ईश्वर यादव घायल हुए। घटना की खबर लगते ही वन विभाग के बाकी कर्मचारी तत्काल मौके पर पहुंचे और डायल 108 को सूचित किया। इसके बाद वनकर्मियों व डायल 108 की टीम ने मिलकर स्ट्रेचर के जरिए घायलों को पहाड़ी से नीचे उतारा और बिना देर किए एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया।
घायलों की सेहत में धीरे-धीरे आ रहा सुधार
रायगढ़ रेंजर संजय लकड़ा ने जानकारी देते हुए बताया कि रायपुर की विभिन्न यूनिवर्सिटी से पांच सदस्यीय शोधकर्ताओं की एक टीम सिंघनपुर पहुंची थी, जिसमें 2 पुरुष और 3 महिला सदस्य थे। यह टीम सिंघनपुर की पहाड़ी पर शोध संबंधी कार्य के लिए गई थी। उसी वक्त मधुमक्खियों के झुंड ने अचानक उन पर हमला बोल दिया। सूचना मिलते ही सभी घायलों को फौरन अस्पताल पहुंचाया गया। अभी सभी की हालत में सुधार बताया जा रहा है।