रायपुर महानगरीय पुलिस जिला में पुलिस आयुक्त प्रणाली को 23 जनवरी से लागू किया जाएगा
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रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्य सरकार ने कई अहम और दूरगामी फैसले लिए हैं। इनमें सबसे महत्वपूर्ण निर्णय रायपुर महानगरीय पुलिस जिला में पुलिस आयुक्त प्रणाली को 23 जनवरी से लागू करने का है। इस फैसले के साथ राजधानी रायपुर की पुलिसिंग व्यवस्था में बड़ा बदलाव होगा और कानून-व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में यह एक निर्णायक कदम माना जा रहा है।

कैबिनेट बैठक में तेंदूपत्ता संग्राहक परिवारों के हित में भी बड़ा निर्णय लिया गया। मंत्रिपरिषद ने वर्ष 2026 के लिए 5500 रुपये प्रति मानक बोरा की दर से तेंदूपत्ता खरीदने हेतु ऋण लेने के लिए राज्य शासन की गारंटी देने की अनुमति प्रदान की है। इससे तेंदूपत्ता संग्राहकों को उचित मूल्य सुनिश्चित होगा और उनकी आजीविका को मजबूती मिलेगी।

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बैठक में लघु वनोपज के क्षेत्र को सशक्त बनाने के उद्देश्य से भी महत्वपूर्ण फैसले किए गए। कोदो, कुटकी और रागी की खरीद, प्रसंस्करण और बिक्री के लिए छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज संघ को कार्यशील पूंजी उपलब्ध कराने की स्वीकृति दी गई है। इसके साथ ही अराष्ट्रीयकृत लघु वनोपज के क्रय, भंडारण, प्रसंस्करण, मूल्य संवर्धन और विपणन के लिए संघ को एकमुश्त 30 करोड़ रुपये का ब्याज मुक्त ऋण देने का निर्णय भी लिया गया है।

मंत्रिपरिषद ने छत्तीसगढ़ राज्य अंत्यावसायी सहकारी वित्त एवं विकास निगम से जुड़े ऋणों को लेकर भी बड़ा वित्तीय फैसला किया है। राज्य शासन की गारंटी पर पांच राष्ट्रीय निगमों से लिए गए ऋणों की पूरी राशि चुकाने के लिए 55.69 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान स्वीकृत किया गया है। वर्तमान में इन ऋणों पर प्रतिवर्ष लगभग 2.40 करोड़ रुपये ब्याज का भुगतान किया जा रहा है, जो ऋण अदायगी के बाद पूरी तरह समाप्त हो जाएगा। इसके साथ ही 229.91 करोड़ रुपये की लंबित गारंटी देनदारी भी खत्म होगी, जिससे राज्य पर वित्तीय बोझ कम होगा।

कैबिनेट ने उसना मिलिंग को प्रोत्साहित करने के लिए प्रोत्साहन राशि को 20 रुपये प्रति क्विंटल से बढ़ाकर 40 रुपये प्रति क्विंटल कर दिया है। साथ ही मिलरों के लिए पात्रता की शर्त में भी राहत दी गई है, अब न्यूनतम 3 माह की जगह 2 माह की मिलिंग पर ही प्रोत्साहन राशि मिल सकेगी। औद्योगिक विकास को गति देने के लिए औद्योगिक विकास नीति 2024-30 में संशोधन को भी मंजूरी दी गई है। इन संशोधनों से नीति के प्रभावी क्रियान्वयन, निवेश की गुणवत्ता बढ़ाने और स्थायी रोजगार सृजन में मदद मिलने की उम्मीद है।

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मंत्रिपरिषद ने राजधानी रायपुर के साइंस कॉलेज ग्राउंड में 20 जनवरी से 5 फरवरी तक आयोजित होने वाले 9वें ऑटो एक्सपो के दौरान बिकने वाले वाहनों पर लाइफ टाइम रोड टैक्स में 50 प्रतिशत की छूट देने का भी निर्णय लिया है। यह छूट वाहन पंजीकरण के समय लागू होगी और पूरे प्रदेश के वाहन विक्रेताओं को इसका लाभ मिलेगा।

इसके अलावा कस्टम मिलिंग के लिए धान उपार्जन और परिवहन से संबंधित गतिविधियों में राइस मिलर्स द्वारा दी जाने वाली बैंक गारंटी पर स्टाम्प शुल्क को 0.25 प्रतिशत से घटाकर 0.05 प्रतिशत कर दिया गया है, जिससे मिलर्स को बड़ी राहत मिलेगी। कैबिनेट बैठक में पुलिस मुख्यालय छत्तीसगढ़, नवा रायपुर अटल नगर में विशेष कर्तव्यस्थ अधिकारी के एक नए पद को वेतन मैट्रिक्स लेवल-14 में एक वर्ष की अवधि के लिए सृजित करने की स्वीकृति भी दी गई है। कुल मिलाकर, मंत्रिपरिषद के ये फैसले प्रशासनिक सुधार, आर्थिक सशक्तिकरण और निवेश को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।


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