सोशल मीडिया में विभाग की खोली पोल , मिली निलंबन की सजा
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धमतरी। स्कूल में किताबों की कमी को लेकर शिक्षक को व्हाट्सएप स्टेटस में विभाग की पोल खोलना भारी पड़ गया है। अनुशासनहीनता के आरोप में डीईओ ने शिक्षक को निलंबित कर दिया है। शिक्षक में स्टेटस में कुछ इस तरह लिखा एक तरफ हम राज्योत्सव मना रहे हैं और दूसरी तरफ बच्चों को किताबें नहीं मिल रही। क्या हम राज्योत्सव मनाने लायक है? पुस्तकें नहीं मिलने पर शिक्षक से लेकर बीईओ,डीईओ,कलेक्टर और शिक्षा मंत्री का वेतन नहीं रोकने की बात भी लिखी दी। शिक्षकीय गरिमा के विपरीत मानते हुए शिक्षक को निलंबित कर दिया है।

धमतरी। जिले के कुरूद ब्लॉक के ग्राम नारी में पदस्थ प्राथमिक स्कूल के शिक्षक को शिक्षा व्यवस्था की हकीकत उजागर करना भारी पड़ गया। राज्योत्सव के बीच जब पूरा प्रशासन जश्न में डूबा था, तब शिक्षक ने अपने स्कूल की जमीनी सच्चाई बयान करते हुए सोशल मीडिया में साझा कर दिया। जिला शिक्षा अधिकारी ने सहायक शिक्षक एलबी ढालू राम साहू को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।

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कुरूद ब्लॉक के ग्राम नारी स्थित शासकीय नवीन प्राथमिक शाला में बच्चों को अब भी किताबों की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है। स्कूल में कक्षा चौथी के 21 विद्यार्थी (11 बालक और 10 बालिकाएँ) पढ़ते हैं, लेकिन शिक्षा सत्र शुरू होने के पांच माह बाद भी विभाग से हिंदी विषय की एक भी नई पाठ्यपुस्तक अब तक नहीं मिली है।

पुस्तकें नहीं मिलने से मजबूरी में बच्चे पुरानी किताबों के सहारे पढ़ाई कर रहे हैं। स्थिति यह है कि पूरे क्लास में सिर्फ 8 पुरानी किताबें हैं, जिन्हें तीन-तीन बच्चे मिलकर पढ़ते हैं। कई बच्चे बिना किताब के ही घर लौट जाते हैं। कई बार कक्षा के दौरान किताब को लेकर झगड़े जैसी स्थिति भी बन जाती है। सहायक शिक्षक एलबी ढालू राम साहू ने शिक्षा विभाग की लापरवाही को उजागर करते हुए व्हाट्सऐप स्टेटस पर स्कूल की स्थिति साझा कर दिया। डीईओ ने इसे अनुशासनहीनता मानते हुए कार्रवाई कर दी।

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निलंबन आदर्श में यह सब

जिला शिक्षा अधिकारी ने आदेश लिखा है कि ढालूराम साहू,सहायक शिक्षक (एलबी) शासकीय नवीन प्राथमिक शाला नारी. विकासखंड- कुरूद ने अपने मोबाइल के व्हाट्सप स्टेटस में शासन के कार्यों के विपरीत टिप्पणी की थी कि “बच्चो की शिक्षा व्यवस्था ठप्प और हम चले राज्य स्थापना दिवस (राज्योत्सव) मनाने, क्या हम राज्योत्सव मनाने लायक है। हमारे जनप्रतिनिधियों को ये सब नहीं दिखता, जहाँ खाने पीने को मिले वही पर ये लोग काम करते है, तथा जब तक पूरे बच्चो को पूरा पुस्तक नही मिल जाता सहायक शिक्षक से लेकर,बीईओ, डीईओ, कलेक्टर एवं शिक्षा मंत्री का वेतन रोक देना चाहिए। गाँव के नेताओं को गाँव का विकास नही,केवल पार्टी का विकास चाहिए इनकी सोच बस इतनी सी है”। जैसे शिक्षकीय गरिमा के विपरीत टिप्प्णी करते हुए स्टेट्स लगाया।

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यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम (i, ii, iii) के प्रतिकूल है। अतएव ढालूराम साहू, सहायक शिक्षक (एलबी) शासकीय नवीन प्राथमिक शाला नारी विकासखंड – कुरूद, जिला- धमतरी को छ०ग० सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के नियम 9 के उपनियम (1) एवं (2) के तहत् तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाता है। ढालूराम साहू का निलंबन उपरांत मुख्यालय कार्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी, नगरी नियत किया जाता है तथा निलंबन अवधि में नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता होगी। यह आदेश तत्काल प्रभावशील होगा।


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