Viral ट्रांसफर लिस्ट, मंत्री ने किया OK
Share on

रायपुर। स्कूल शिक्षा विभाग में बीते पांच दिनों से 63 टीचरों की प्रतिनियुक्ति के बाद तबादले की सूची सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर तेजी के साथ वायरल हो रही थी। शिक्षकों के वाट्सएप ग्रुप में वायरल लिस्ट ने कुछ ज्यादा ही जगह बनाई थी। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पृष्ठभूमि के स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव ने दमदारी दिखाते हुए सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर वायरल ट्रांसफर लिस्ट को ओके कर दिया है। मंत्री के इस दमदारी के विभाग के आला अफसरों से लेकर उन शिक्षकों में हड़कंप मच गया है जो इसे इश्यू बना रहे थे। बहरहाल लीक सूची ओके हो गई है और जल्द ही स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति के बाद तबादला सूची जारी कर दी जाएगी।

छत्तीसगढ़ के शिक्षकों व शिक्षक नेताओं के बीच बीते पांच दिनों से एक ही चर्चा चल रही थी। एक दूसरे को वाट्सएप ग्रुप के अलावा मोबाइल के जरिए पूछ रहे थे। आपने सूची देखी क्या है। वाकई यह ओरिजिनल सूची है जो वायरल कर दिया गया है क्या। अगर ऐसा है तो फिर यह सब किसने और क्यों किया होगा। ट्रांसफर लिस्ट वायरल कराने वालों को क्या नुकसान हो रहा था,जो अब फायदा हो रहा है। इन सवालों के बीच एक बड़ा सवाल तैर रहा है। सिस्टम की गोपनीयता और विश्वसनीयता पर।

Also Read – ट्रांसफर लिस्ट Viral: सिस्टम पर उठे सवाल

पूरे 17 पेज की ट्रांसफर सूची सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर मंगलवार से तेजी के साथ वायरल हो रही है। वायरल हो रही सूची के बीच स्कूल शिक्षा विभाग के जिम्मेदारों पर गंभीर सवाल भी उठाए जा रहे हैं। शिक्षकों के वाट्सएप ग्रुप पर वायरल तबादले सूची को लेकर कुछ ज्यादा ही दिलचस्पी दिखाई दे रही है। जिन लोगों के नाम इस सूची में शामिल है,उसे लेकर भी कमेंट्स पास किए जा रहे हैं। जिन नामों को लेकर उम्मीद थी,वायरल सूची में नाम को देखकर ट्रांसफर सूची को ठीक बता रहे हैं। ऐसे भी शिक्षक और संगठन के पदाधिकारी हैं जिनको कुछ नामों को देखकर रास नहीं आ रहा है। इन नामों को लेकर सवाल भी उठा रहे हैं। बहरहाल स्कूल शिक्षा विभाग की इस सूची को लेकर चर्चा का दौर तो जारी है साथ ही अब पक्ष-विपक्ष में बातें भी होने लगी है। स्वाभाविक बात है कुछ नामों पर एतराज तो अधिकांश नामों को लेकर सहमति भी नजर आ रही है। सहमति,असहमति के बीच सवाल यह उठ रहा है,आखिर सूची वायरल कैसे हो गई। सिस्टम को जानने और समझने वाले भी अचरज में है कि इतनी गोपनीय दस्तावेज जो आमतौर पर कांफिडेंशियल होता है,आखिर लीक कैसे हुई और किसने यह सब करने का काम किया। सिस्टम की गोपनीयता और कामकाज के तरीके को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। जाहिर सी बात है कि आने वाले दिनों में जिम्मेदारों पर इस लापरवाही का ठिकरा भी फूटेगा।


वायरल सूची पर उठे सवाल
साेशल मीडिया प्लेटफार्म पर वायरल हो रही सूची ने विभाग से जुड़े उन लोगों की धड़कनें बढ़ा दी है जो सैद्धांतिक रूप से कहें या फिर संगठनात्मक नजरिए से, एक दूसरे के मतभिन्नता रखते हैं। ऐसे नामों को सूची में देखकर एक खेमे का धड़कनें भी बढ़ने लगा है। चर्चा भी हो रही है कि वायरल सूची अगर सही निकल गई तब क्या होगा। सवाल यह भी हो रहा है कि तब क्या नए सिरे से सामंजस्य और समीकरण बैठाना होगा।

Also Read – ED Raid : मीनाक्षी ट्रेडर्स के संचालक सुल्तानिया ब्रदर्स के घर और ठिकानों पर ईडी की ताबड़तोड़ छापेमारी

ट्रांसफर पॉलिसी में यह सब, मंत्री ने दिखाई दमदारी
राज्य शासन द्वारा जारी तबादला नीति के कंडिका पांच में प्रावधान है कि शासन स्तर पर किए जाने वाले तबादलों में विभागवार सूची बनने और विभागीय मंत्री के अनुमोदन के बाद समन्वय में जाना है। समन्वय में जाने का मतलब साफ है,सीएम की सहमति के बाद स्थानांतरण आदेश जारी किया जाना है। प्रतिनियुक्ति के बाद तबादला आदेश में इस तरह का प्रावधान नहीं है। प्रतिनियुक्ति के बाद तबादला सूची विभागीय मंत्री के अनुमोदन के बाद जारी किया जाता है। इसी प्रावधान के तहत स्कूल शिक्षा मंत्री ने प्रतिनियुक्ति के बाद तबादला आदेश जारी करने का निर्देश दिया है। ट्रांसफर पॉलिसी में दी व्यवस्था और शर्तों के बाद भी यह माना जा रहा है कि लीक सूची को ओके कर मंत्री ने दमदारी दिखाई है। इसके साथ ही मंत्री ने अटकलों पर भी विराम लगा दिया है।


Share on

Related Posts

CG High Court News: बगैर मान्यता, स्कूलों ने एडमिशन के लिए जारी किया विज्ञापन: नाराज हाई कोर्ट ने स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव से शपथ पत्र के साथ मांगा जवाब।

Share on

Share onCG High Court News: बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में गजब हो रहा है। बिना मान्यता वाले स्कूल प्रबंधन द्वारा स्कूलों में एडमिशन के लिए विज्ञापन प्रकाशित किया जा रहा है। हाई


Share on
Read More

CG Transfer News: छत्तीसगढ़ बलरामपुर जिले में राजस्व विभाग में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया है। 58 पटवारियों का एक साथ तबादला आदेश जारी किया है।

Share on

Share onCG Transfer News: बलरामपुर। जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करने और राजस्व विभाग में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने बड़ा कदम उठाते हुए एक


Share on
Read More

बड़ी खबर

Supreme Court News: सुप्रीम कोर्ट ने कहा है, सरकारी कर्मचारी को बिना विभागीय जांच के सेवा से बर्खास्त नहीं किया जा सकता। बर्खास्तगी से पहले विभागीय जांच का आदेश जारी करना और संबंधित कर्मचारी को अपना पक्ष का पर्याप्त अवसर देना होगा।

Read More »

About Civil India

© 2025 Civil India. All Rights Reserved. Unauthorized copying or reproduction is strictly prohibited

error: Content is protected by civil India news, Civil India has all rights to take legal actions !!