वायरल वीडियो खोल रहा पोल: फूड इंस्पेक्टर ने किया चौंकाने वाला खुलासा

Share on

सरगुजा। समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की मियाद अब अपने अंतिम चरण में है और इसी के साथ अवैध धान खपाने वाले माफिया पूरी तरह सक्रिय हो गए हैं। सरगुजा जिले के अंबिकापुर में सामने आए एक मामले ने प्रशासनिक तंत्र की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। यहां बीज निगम के सीलबंद पैकेट में रखे धान को किराए के मकान में लाकर बोरी में भरा जा रहा था, ताकि उसे समितियों में खपाया जा सके। इस पूरे फर्जीवाड़े का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

किराए के मकान में चल रहा था धान खपाने का खेल

समर्थन मूल्य पर धान खरीदी 31 जनवरी को समाप्त होनी है और अब सिर्फ चार दिन शेष हैं। इसी बीच अंबिकापुर के गांधी नगर वार्ड क्रमांक दो में किराए के मकान में बड़ा खेल चल रहा था। जानकारी के मुताबिक, पहले लाखों रुपये मूल्य का धान सीलबंद पैकेट में यहां डंप किया गया। इसके बाद पैकेट खोलकर धान को 40 किलो की बोरियों में भरा जा रहा था। तौलाई के लिए इलेक्ट्रॉनिक वेइंग मशीन भी लगाई गई थी, ताकि समितियों के नियमों के अनुसार धान खपाया जा सके। यूथ इंटक के प्रदेश अध्यक्ष आशीष सील ने स्थानीय लोगों की मदद से इस गोरखधंधे को रंगे हाथों पकड़ा। मौके से लगभग 300 बोरी धान जब्त की गई, जिसकी कीमत करीब 3 लाख 72 हजार रुपये बताई जा रही है। धान को सिलफिली सहकारी समिति ले जाने की पूरी तैयारी हो चुकी थी और वाहन भी बुला लिए गए थे।

Also Read – स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव को हाई कोर्ट ने किया तलब, शपथ पत्र के साथ पेश करना होगा जवाब

वीडियो में दिखे सैकड़ों खाली पैकेट, सबूत मिटाने की कोशिश

वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि एक कमरे में सैकड़ों खाली पैकेट पड़े हैं, जिनसे धान निकालकर बोरियों में भरा गया। एक अन्य वीडियो में खाली पैकेटों को जलाते हुए भी दिखाया गया है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि सबूत मिटाने की कोशिश की जा रही थी। पूरा खेल रात के अंधेरे में अंजाम देने की तैयारी थी, लेकिन समय रहते इसका पर्दाफाश हो गया।

फूड इंस्पेक्टर का खुलासा, बीज निगम पर उठे सवाल

मामले में फूड इंस्पेक्टर ने बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि यह धान बीज निगम के सीलबंद पैकेट का है, जिसे अवैध तरीके से गोदाम से बाहर निकालकर यहां लाया गया। खाद्य विभाग ने धान की जब्ती भी बनाई है। इस खुलासे के बाद सबसे बड़ा सवाल यह खड़ा हो गया है कि बीज निगम का धान इतनी बड़ी मात्रा में बाहर कैसे पहुंचा। क्या इस पूरे फर्जीवाड़े में निगम के अधिकारी या कर्मचारी शामिल हैं? और यदि हां, तो अब तक प्रशासन की नजर इस पर क्यों नहीं पड़ी? फिलहाल वायरल वीडियो के बाद प्रशासन हरकत में आया है, लेकिन यह मामला न केवल धान खरीदी व्यवस्था में सेंध का है, बल्कि सरकारी सिस्टम में गहरी मिलीभगत की आशंका भी पैदा करता है। जांच के नतीजों पर अब सबकी नजर टिकी हुई है।

Also Read – सेवा गणना और वरिष्ठता को लेकर शिक्षक एलबी ने दायर की थी याचिका, हाई कोर्ट ने जारी किया कुछ तरह का आदेश


Share on
Also Read
Loading latest news...
```

About Civil India News

© 2026 Civil India. All Rights Reserved. Unauthorized copying or reproduction is strictly prohibited
error: Content is protected by civil India news, Civil India has all rights to take legal actions !!